ममता बनर्जी को झटका, नंदीग्राम के बाद रेजीनगर से उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने वापस लिया नामांकन
बंगाल की पूर्व सीएम ममता बनर्जी का फाइल फोटो / (क्रेडिट : आईएएनएस)
ममता बनर्जी को झटका, नंदीग्राम के बाद रेजीनगर से उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने वापस लिया नामांकन
कोलकाता | ममता बनर्जी गुट को एक और झटका लगा है. नंदीग्राम के बाद अब मुर्शिदाबाद की रेजीनगर सीट से उनके (पार्टी) उम्मीदवार ने अपना नाम वापस ले लिया है. इस सीट पर उपचुनाव होना है.
यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब एक दिन पहले ही नंदीग्राम उपचुनाव में ममता बनर्जी गुट की उम्मीदवार संचिता डे प्रधान ने मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से मुलाकात के बाद अपना नामांकन वापस ले लिया था.
गौरतलब है कि ममता बनर्जी ने शुक्रवार को मीडिया से बातचीत के दौरान रेजीनगर से हटने के संकेत पहले ही दे दिए थे. पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा था, “नंदीग्राम में हमने कांग्रेस उम्मीदवार का समर्थन करने का फैसला किया है. जहां तक रेजीनगर का सवाल है, उस पर हम बाद में फैसला लेंगे.”
रबीउल आलम चौधरी (रेजीनगर सीट से ममता की पार्टी के उम्मीदवार) ने चुनाव न लड़ने की बात की पुष्टि कर दी है. उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग द्वारा दिए नए चुनाव चिह्न पर पार्टी कार्यकर्ता प्रचार नहीं करना चाहते थे.
उन्होंने कार्यकर्ताओं पर प्रशासनिक दबाव का आरोप भी लगाया और दावा किया कि कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है जिससे उपचुनाव लड़ना बेहद मुश्किल हो गया था. उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फैसला ममता बनर्जी से विचार-विमर्श के बाद ही लिया गया है.
नंदीग्राम और रेजीनगर सीटों से हटने के बाद, साल 1998 के बाद यह पहला मौका होगा जब पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी द्वारा स्थापित और उनके नेतृत्व वाली पार्टी चुनावी मैदान में मौजूद नहीं होगी.
रेजीनगर में उपचुनाव की नौबत इसलिए है आई क्योंकि इस साल की शुरुआत में हुए विधानसभा चुनाव में एजेयूपी (AJUP) नेता हुमायूं कबीर रेजीनगर और नौदा दोनों सीटों से जीतने में सफल रहे थे जिसके बाद उन्होंने नौदा सीट बरकरार रखने का फैसला किया था. इस उपचुनाव में उनके बेटे गुलाम नबी आजाद एजेयूपी के उम्मीदवार हैं.
नंदीग्राम और रेजीनगर दोनों सीटों पर 6 अक्टूबर को मतदान होना है और 9 अक्टूबर को मतगणना होगी.
IANS
