इस जिले में 15 दिनों से लगातार छाया है घाना कोहरा, जनजीवन बुरी तरह प्रभावित
फोटो: आईएएनएस
इस जिले में 15 दिनों से लगातार छाया है घाना कोहरा, जनजीवन बुरी तरह प्रभावित
कोटपूतली | राजस्थान के कोटपूतली-बहरोड़ जिले में पिछले करीब 15 दिनों से लगातार घना कोहरा छाया हुआ है. इससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है. कोहरे का असर न केवल आम लोगों पर, बल्कि यातायात, किसानों और व्यापारिक गतिविधियों पर भी साफ दिखाई दे रहा है.
जिले के बहरोड़ क्षेत्र में सुबह के समय दृश्यता बेहद कम रहने के कारण लोगों को रोजमर्रा के कामों में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. घने कोहरे के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग सहित अन्य प्रमुख सड़कों पर वाहनों की रफ्तार सुबह करीब 11 बजे तक बेहद धीमी रहती है. कई स्थानों पर दृश्यता 20 से 30 मीटर तक सिमट जाती है जिससे वाहन चालकों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी पड़ रही है. सुबह स्कूल जाने वाले बच्चों, दफ्तर जाने वाले कर्मचारियों और लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों को विशेष दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. कोहरे के चलते छोटे-बड़े सड़क हादसों की आशंका भी बनी रहती है.
कोहरे के साथ-साथ जिले में कड़ाके की सर्दी भी पड़ रही है. सुबह और देर रात सर्द हवाओं के कारण ठिठुरन बढ़ गई है. लोग अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेने को मजबूर हैं. हालांकि दिन चढ़ने के साथ मौसम कुछ हद तक साफ हो जाता है और दोपहर में तापमान लगभग 20 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है. इससे लोगों को थोड़ी राहत मिलती है.
किसानों के लिए यह मौसम चिंता का कारण बनता जा रहा है. लगातार घने कोहरे और अधिक नमी के कारण रबी की फसलों पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है. सरसों, गेहूं और चने की फसलों में रोग लगने का खतरा बढ़ गया है. किसान अपनी फसलों को लेकर चिंतित हैं और मौसम पर लगातार नजर बनाए हुए हैं.
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में जिले में बारिश होने के आसार हैं. यदि बारिश होती है तो ठंड और बढ़ सकती है, वहीं कोहरे की स्थिति में भी बदलाव संभव है. मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के चलते यह बदलाव देखने को मिल सकता है.
प्रशासन और यातायात विभाग द्वारा लोगों से सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की जा रही है जिससे हाईवे पर हादसे न हो. इसके साथ ही लोगों को जागरूक करने के लिए यातायात विभाग की तरफ से विभिन्न अभियान भी चलाए जा रहे है.
