सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, पत्नी ने ….

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सोनम वांगचुक की फाइल फोटो (क्रेडिट: आईएएनएस)

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नई दिल्ली | लद्दाख के पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. सोनम की रिहाई की मांग करते हुए उनकी पत्नी गीतांजलि अंगमो ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है.

वांगचुक को 26 सितंबर को राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत हिरासत में लिया गया था. सोनम की पत्नी गीतांजलि ने पति की गिरफ्तारी को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की है. उन्होंने सुप्रीम कोर्ट से सोनम वांगचुक की बिना शर्त रिहाई का आदेश जारी करने की अपील की है. याचिका में गीताजंलि ने सोनम की गिरफ्तारी को गैरकानूनी बताया है. उन्होंने कहा कि एक हफ्ते बाद भी गिरफ्तारी के आधार नहीं मिले और न ही सोनम की कोई जानकारी मिल रही है. ⁠

गीतांजलि ने हैबियस कॉर्पस (बंदी प्रत्यक्षी) याचिका दाखिल कर तत्काल रिहाई की मांग की है. ⁠सोमवार को सुप्रीम कोर्ट से मामले में जल्द सुनवाई की मांग की जा सकती है.

इससे पहले, बुधवार को गीतांजलि अंगमो ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को एक भावुक पत्र लिखा था और पति की रिहाई की मांग की थी. पत्र में उन्होंने लिखा था, “मेरे पति को पिछले 4 साल से लोगों के हितों के लिए काम करने की वजह से बदनाम किया जा रहा है. वह कभी भी किसी के लिए खतरा नहीं बन सकते.” उन्होंने कहा कि वह नहीं जानतीं कि उनके पति किस हालात में हैं.

बता दें कि केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में 24 सितंबर को हुई हिंसा के मामले में चार लोगों की जान चली गई थी. यह हिंसा लद्दाख को छठी अनुसूची में शामिल कराने और राज्य का दर्जा देने की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान लेह में हुई थी. करीब 90 लोग हिंसा के दौरान घायल हुए थे.

26 सितंबर को सोनम वांगचुक को लद्दाख में हिंसक विरोध प्रदर्शन भड़काने के आरोप में हिरासत में लिया गया था. इसके बाद उन्हें राजस्थान की जोधपुर सेंट्रल जेल में भेजा गया. इसके अलावा, प्रशासन ने चार लोगों की मौत के मामले में मजिस्ट्रेट जांच का आदेश दिया. हालांकि, स्थानीय लोग न्यायिक जांच की मांग उठा रहे है.

IANS


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