अगर मैं मर जाऊं तो हमारी बेटी का ख्याल रखना: अनंतनाग में शहीद हुए DSP हुमायूं भट के आखिरी शब्द

Himayaun Bhatt (1)
The Hindi Post

DSP हुमायूं भट हमारे बीच नहीं है. वो देश की रक्षा करते हुए जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में बुधवार को शहीद हो गए.

वो अपने पीछे अपनी पत्नी और दो महीने की बच्ची को छोड़ गए है. पिछले साल ही उनकी शादी हुई थी.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, आतंकियों की गोली से घायल होने के बाद DSP हुमायूं भट ने अपनी पत्नी फातिमा को वीडियो कॉल किया था. वह अपनी मासूम बेटी को एक पल के लिए देखना चाहते थे.

इस कॉल में उन्होंने पत्नी से कहा कि अगर मैं मर जाऊं तो प्लीज हमारी बेटी का ख्याल रखना.

रिपोर्ट्स के अनुसार, DSP भट ने अपने पिता रिटायर्ड डीआईजी गुलाम हसन भट को भी फोन किया था और उन्हें बताया था कि वह घायल हो गए हैं.

DSP भट उन तीन अधिकारियों में एक थे जो आतंकियों के सफाए के लिए चलाए जा रहे सर्च ऑपरेशन में शामिल थे. इस दौरान आतंकियों ने फायरिंग की और DSP भट, कर्नल मनप्रीत और मेजर आशीष को भी गोली लग गई थी. तीनों घायल हो गए थे.

इसके बाद तीनों घायल अधिकारियों को इलाज के लिए एयरलिफ्ट किया गया था. लेकिन इलाज के दौरान, उन्हें बचाया नहीं जा सका. तीनों अधिकारी देश के लिए शहीद हो गए.

बता दें कि अनंतनाग के कोकरनाग में आतंकियों के खात्मे के लिए सुरक्षा बल आज पांचवे दिन भी अभियान चला रहे है. जंगलों में छिपे आतंकियों पर ड्रोन से बम बरसाए जा रहे हैं. सुरक्षाबलों ने बताया कि हर पर निगरानी की जा रही है. भारी गोलीबारी के साथ ही हाईटेक उपकरणों का इस्तेमाल किया जा रहा है.

हिंदी पोस्ट वेब डेस्क


The Hindi Post
error: Content is protected !!