चुनाव से पहले पूर्व मुख्यमंत्री के खिलाफ FIR दर्ज, यह हैं मामला
सांकेतिक तस्वीर (फोटो क्रेडिट: सोशल मीडिया)
रायपुर | छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की लोकसभा चुनाव से पहले मुश्किलें बढ़ गई हैं. ईओडब्ल्यू (आर्थिक अपराध शाखा) और एसीबी (भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो) ने महादेव बेटिंग (सट्टा) ऐप के मालिकों से 508 करोड़ रुपए की प्रोटेक्शन मनी लेने के मामले में भूपेश बघेल पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है. मामले में बघेल सहित 18 अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया है. यह प्राथमिकी चार मार्च को दर्ज हुई थी.
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बघेल पर महादेव बेटिंग ऐप के मालिक रवि उप्पल और सौरव चंद्राकर से प्रोटेक्शन मनी लेने का आरोप है. आरोप है कि उन्होंने इनसे 508 करोड़ की राशि ली है.
ज्ञात हो कि चंद्राकर और उप्पल के करीबी असीम दास को विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लगने के बाद रायपुर के एक होटल से गिरफ्तार किया गया था और उसके पास से पौने तीन करोड़ रुपए बरामद किए गए थे.

असीम ने अपने बयान में कहा था कि वह यह पैसे भूपेश बघेल को देने आया था. इसी दौरान असीम ने 508 करोड़ रुपए भूपेश बघेल तक पहुंचाने का दावा भी किया था. इसी आधार पर यह एफआईआर दर्ज की गई है.
इस मामले पर ईओडब्ल्यू और एसीबी का कोई भी अधिकारी बोलने को तैयार नहीं है. ज्ञात हो कि कांग्रेस ने भूपेश बघेल को लोकसभा चुनाव में राजनांदगांव क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया है और इसी बीच उन पर महादेव ऐप के प्रमोटर से प्रोटेक्शन मनी लेने का मामला दर्ज हुआ है, जो आने वाले दिनों में सियासी हलचल पैदा कर सकता है.
आईएएनएस
