Gen-Z के आंदोलन के बाद सड़क पर उतरे स्कूली बच्चे, ये थी उनकी मांगे, सभी मान ली गई
Gen-Z के आंदोलन के बाद सड़क पर उतरे स्कूली बच्चे, ये थी उनकी मांगे, सभी मान ली गई
दिल्ली के जंतर-मंतर पर ‘Gen-Z’ (जेन-जी) के हालिया छात्र आंदोलन के बाद अब उत्तर प्रदेश में ‘Gen-Alpha’ (जेन-अल्फा) भी अपने बुनियादी अधिकारों के लिए मुखर होकर सड़कों पर उतर आया है. पूर्वी उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में स्थित ‘सर्वोदय इंटर कॉलेज’ (किशनपुर) के छात्र-छात्राओं ने अपनी कक्षाओं का पूर्ण बहिष्कार करते हुए प्रदर्शन किया. नौवीं से बारहवीं कक्षा के इन विद्यार्थियों के अचानक सड़क पर उतरने और तीव्र आक्रोश को देखते हुए प्रशासनिक अमला महज कुछ ही घंटों में बैकफुट पर आ गया और उनकी लगभग सभी मांगों को लिखित रूप में स्वीकार कर लिया. छात्रों ने यह प्रदर्शन मंगलवार को किया.
क्या है पूरा मामला?
घटना फतेहपुर के सर्वोदय इंटर कॉलेज (किशनपुर) की है जहां के छात्र-छात्राएं लंबे समय से परिसर में व्याप्त अव्यवस्थाओं से परेशान थे. छात्रों का आरोप है भीषण गर्मी के बावजूद कक्षाओं में बिजली-पानी और पंखों तक का इंतजाम नहीं था. पीने के शुद्ध पानी, मिड-डे मील की गुणवत्ता और बैठने के लिए बेंच-कुर्सियों की कमी के कारण छात्रों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही थी. बार-बार गुहार लगाने के बावजूद जब प्रबंधन ने ध्यान नहीं दिया तो छात्रों ने दिल्ली की तर्ज पर क्लास का बहिष्कार कर सड़क पर उतरने का फैसला किया. इस प्रदर्शन में छात्राओं ने भी भाग लिया.
फतेहपुर के किशनपुर के सर्वोदय इंटर कॉलेज के स्टूडेंट्स के हंगामा से कॉलेज प्रशासन झुक गया, सारी मांगें मान लीं। कॉलेज में पानी के लिए नया RO लगेगा। टॉयलेट में गेट लगेंगे। जर्जर क्लास रूम गिराए जाएंगे। क्लास में। बैठने के लिए बेंच टेबल का इंतजाम होगा। #Fatehpur #Students… pic.twitter.com/ylOqb8FvsF
— Praveen Mohta (@MohtaPraveenn) July 28, 2026
हाथों में बाबा साहेब की तस्वीर और रंग-बिरंगे पोस्टर
प्रदर्शन से पूर्व छात्रों ने कक्षाओं में ही अपनी मांगों से जुड़े पोस्टर और स्लोगन तैयार किए. इसके बाद वे हाथों में बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की तस्वीरें और पोस्टर लेकर नारेबाजी करते हुए कॉलेज से बाहर निकल आए. छात्रों ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि जब भी वे मूलभूत सुविधाओं की मांग करते थे तो उन्हें परीक्षाओं में फेल करने की धमकियां दी जाती थीं.
प्रशासनिक हलचल और अधिकारियों का समर्पण
छात्रों के सड़क पर उतरते ही प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया. कॉलेज प्रशासन ने छात्रों को समझाने और शांत कराने का प्रयास किया लेकिन वे अपनी मांगों पर अड़े रहे. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) राकेश कुमार तुरंत हरकत में आए और छात्रों के बीच पहुंचे.
डीआईओएस (DIOS) का त्वरित एक्शन
पंखे और बिजली: हर कक्षा में अगले दिन (बुधवार) तक 4-4 पंखे लगाने और बिजली की वायरिंग तुरंत दुरुस्त करने के आदेश दिए.
पेयजल व फर्नीचर: परिसर में एक आरओ (RO) वाटर कूलर लगाने और एक महीने के भीतर नई डेस्क-बेंच उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया.
मिड-डे मील: भोजन के मेन्यू में तुरंत सुधार करने के निर्देश दिए.
साइंस स्ट्रीम की मांग पर डीआईओएस ने स्पष्ट किया कि इसके लिए लैब और सरकारी मान्यता की आवश्यकता होती है जिसके लिए प्रक्रिया शुरू की जाएगी. इस एक तकनीकी मांग को छोड़कर अन्य सभी मांगों पर लिखित सहमति मिलने के बाद छात्रों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया और खुशी में जश्न मनाया.
एक नजर में: क्या हैं ये पीढ़ियां (Generations)?
Gen-Y (मिलेनियल्स): वर्ष 1981 से 1996 के बीच जन्मे लोग.
Gen-Z: वर्ष 1997 से 2012 के बीच जन्मे लोग.
Gen-Alpha: वर्ष 2013 से 2024 के बीच जन्मे बच्चे व किशोर.
हिंदी पोस्ट डॉट इन
