कौन है हवा बलूच और आसिफा मेंगल जिनके हमलों से दहल गया पाकिस्तान ?, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी का दावा मारे गए 200 से ज्यादा पाकिस्तानी जवान
बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी की महिला फिदायीन की फाइल फोटो / (क्रेडिट : आईएएनएस)
कौन है हवा बलूच और आसिफा मेंगल जिनके हमलों से दहल गया पाकिस्तान ?, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी का दावा मारे गए 200 से ज्यादा पाकिस्तानी जवान
बलूच विद्रोही संगठन यानि BLA (बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी) ने ‘ऑपरेशन हेरोफ फेज-2’ के तहत पाकिस्तान के कई जिलों में बड़े हमले किए हैं. विद्रोही समूह का दावा है कि यह हमला पिछले 40 घंटों से जारी है और इसमें पाकिस्तानी सेना व सुरक्षा बलों के 200 से अधिक जवान मारे गए हैं. BLA का कहना है कि उन्होंने बलूचिस्तान के कई शहरों और गांवों पर अपना नियंत्रण कर लिया है.
BLA ने अपने आधिकारिक मीडिया चैनल ‘हक्कल’ के जरिए कई बयान और वीडियो जारी किए हैं. इन संदेशों में समूह ने दावा किया है कि उनका सैन्य अभियान अब बलूचिस्तान प्रांत के एक बड़े भौगोलिक क्षेत्र में फैल चुका है.
समूह ने अपनी दावों की पुष्टि के क्रम में ग्वादर में हुए संघर्ष का एक वीडियो भी जारी किया है. इस वीडियो में एक महिला ‘फिदायीन’ (आत्मघाती) दिख रही है. इस महिला के बारे में कहा गया कि वह पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर हमले के दौरान मारी गई.
विद्रोही संगठन ने इस महिला की पहचान हवा बलूच के रूप में की है. उसे ‘द्रोशम’ के नाम से भी जाना जाता था. BLA ने जारी किए गए वीडियो को हवा का “अंतिम संदेश” बताया है. यह वीडियो हवा बलूच के मरने से 12 घंटे पहले का है.
‘द बलूचिस्तान पोस्ट’ के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, हवा बलूच एक लेखिका थी. उसके पिता भी बलूच सशस्त्र आंदोलन से जुड़े रहे थे और कई साल पहले एक लड़ाई के दौरान मारे गए थे.
एक अन्य महिला फिदायीन की पहचान 23 वर्षीय आसिफा मेंगल के रूप में हुई है. BLA के अनुसार, आसिफा ने 31 जनवरी को नोशकी में ISI (इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस) के मुख्यालय को निशाना बनाया था. उसने इस आत्मघाती हमले को अंजाम देने के लिए विस्फोटक से लदी गाड़ी (VBIED) का इस्तेमाल किया था.
BLA के दावों के अनुसार, इन हमलों के दौरान पाकिस्तानी सेना, पुलिस और फ्रंटियर कोर के 200 से अधिक जवान मारे गए हैं. इसके साथ ही, समूह ने दावा किया है कि उन्होंने कम से कम 17 लोगों को बंदी भी बनाया है. BLA का कहना है कि सुरक्षा बलों को हुआ असली नुकसान इससे कहीं ज्यादा हो सकता है.
IANS/Hindi Post Dot In
