अतीक के नाम पर था WhatsApp ग्रुप – ‘शेर-ए-अतीक’, बेटा असद था ग्रुप एडमिन

Ateek And Asad Collage (1) (1)
The Hindi Post

अतीक अहमद और अशरफ के मर्डर के बाद बनी दो SIT मामले की जांच कर रही हैं. इसके अलावा न्यायिक आयोग भी इन्क्वायरी कर रहा हैं.

मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो पुलिस को जांच के दौरान एक WhatsApp ग्रुप – ‘शेर-ए-अतीक’ का पता चला है. इस ग्रुप को अतीक अहमद के बेटे असद ने बनाया था. वो ग्रुप का एडमिन था. इस ग्रुप में अतीक का महिमामंडन किया जाता था. इसमें अतीक के वीडियो आदि शेयर किए जाते थे.

ग्रुप से 200 लोगों के जुड़े होने की जानकारी सामने आई है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, सबसे बड़ा खुलासा तो यह हुआ है कि अतीक अहमद हत्याकांड में शामिल अरुण मौर्य भी इस ग्रुप से जुड़ा हुआ था.

रिपोर्ट्स में आगे कहा गया हैं कि अरुण ने बाद में इस ग्रुप को छोड़ दिया था.

पुलिस अब यह जांच कर रही हैं कि इस ग्रुप को क्यों बनाया गया था, इस ग्रुप में अरुण कैसे शामिल हुआ और फिर उसने ग्रुप को क्यों छोड़ दिया था. क्या इस ग्रुप का अतीक-अशरफ की हत्या या उमेश पाल की हत्या से कोई लेना-देना था, इसका भी जवाब पुलिस जानना चाहेगी.

इसके अलावा इस ग्रुप में कौन-कौन था, इसके बारे में भी पुलिस जानकारी जुटाना चाहेगी.

इस ग्रुप का एडमिन रहा असद पुलिस एनकाउंटर में मारा जा चुका है. उसका झांसी में एनकाउंटर हुआ था.

अभी तक पुलिस को ये नहीं पता चल पाया हैं कि शूटरों ने अतीक-अशरफ की हत्या क्यों की. इस हत्याकांड के पीछे का असल कारण अभी सामने आना बाकी हैं.

नवभारत टाइम्स में प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, नवंबर 2022 में इस WhatsApp ग्रुप को बंद कर दिया गया था. यानि उमेश पाल की हत्या से पहले ही ये ग्रुप बंद हो गया था. उमेश पाल की फरवरी 2023 में प्रयागराज में हत्या कर दी गई थी.

दरअसल, पुलिस के हाथ असद का मोबाइल फोन लगा हैं. इसी मोबाइल से यह खुलासा हुआ हैं.

हिंदी पोस्ट वेब डेस्क


The Hindi Post
error: Content is protected !!