यूपी सरकार में गन्ना राज्य मंत्री को कोर्ट ने सुनाई तीन महीने जेल की सजा, फिर दी जमानत
पीलीभीत (उत्तर प्रदेश) | पीलीभीत की एक विशेष सांसद/विधायक अदालत (एमपी/एमएलए कोर्ट) ने यूपी के गन्ना राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार, जो पीलीभीत शहर सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं, को दो मामलों में तीन महीने की कैद की सजा सुनाई है.
उनके खिलाफ एक दशक पहले जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 127ए के तहत मामले दर्ज किए गए थे.
दोनों मामले 2012 में विधानसभा चुनाव के दौरान सुनगढ़ी थाने में दर्ज किए गए थे. अदालत ने दोनों मामलों में से प्रत्येक में मंत्री पर 2 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है. बाद में, ट्रायल कोर्ट ने सीआरपीसी (आपराधिक प्रक्रिया संहिता) की धारा 389 सी के तहत दोनों मामलों में गंगवार को जमानत दे दी,
गंगवार 2012 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) पार्टी के नेता थे. उनके खिलाफ दो मामलों में से एक 4 जनवरी 2012 को दर्ज किया गया था. इसमें जिसमें शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि बसपा और गंगवार के चित्रित नारे माधोटांडा रेलवे क्रासिंग के पास की दीवारों पर पर लिखे गए थे. साथ ही यह नारे घरों की दीवारों पर भी लिखे गए थे. यह आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन था.
गंगवार के खिलाफ दूसरा मामला 5 जनवरी को दर्ज हुआ था. सुनगढ़ी पुलिस स्टेशन के तत्कालीन एसएचओ ने कहा था कि गश्त और निगरानी के दौरान उन्हें संजय गंगवार की कार में ऐसी प्रचार सामग्री मिली थी जिस पर प्रिंटर का नाम, उसका पता और मात्रा के बारे में अनिवार्य जानकारी दर्ज नहीं थी.
दोनों ही मामलों में पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी. अंतिम दलीलें सुनने के बाद अदालत ने दोनों मामलों में गंगवार को दोषी पाया. फैसला सुनाए जाने के समय गंगवार व्यक्तिगत रूप से अदालत में मौजूद थे.
हिंदी पोस्ट वेब डेस्क/आईएएनएस
