कथावाचक इंद्रेश महाराज ने यादव समाज से माफी मांगी, क्या है यह मामला ?
वायरल वीडियो का स्क्रीनग्रैब / (फोटो क्रेडिट : सोशल मीडिया)
कथावाचक इंद्रेश महाराज ने यादव समाज से माफी मांगी, क्या है यह मामला ?
मशहूर कथावाचक इंद्रेश महाराज ने यादव समाज पर दिए अपने विवादित बयान को लेकर माफी मांग ली है. उनका यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था जिसमें उन्होंने कहा था कि यादव भगवान के वंशज नहीं हैं. इस बयान से मथुरा और आसपास के क्षेत्रों में नाराजगी फैल गई. अब इंद्रेश महाराज ने सफाई देते हुए कहा कि वीडियो पुराना है और उनका किसी को आहत करने का इरादा नहीं था.
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में इंद्रेश महाराज ने कहा था कि “यादव सोचते हैं कि वे भगवान के वंशज हैं. यह सच नहीं है. भगवान के जाने के बाद एक भी यदुवंशी नहीं बचा. भगवान ने खुद जाने से पहले सबको खत्म कर दिया था. तो ये लोग कैसे बच गए?” इस बयान के बाद यादव समाज ने कड़ी प्रतिक्रिया दी और माफी की मांग की.
#मथुरा के विश्वप्रसिद्ध कथावाचक आचार्य इन्द्रेश उपाध्याय ने यादव समाज के खुले मन के साथ क्षमा मांगी है. आचार्य ने कहा कि जो बात उन्होने 3-4 साल पहले यादव और यदुवंशियों के अंतर की कही थी उसे बाद में विद्वानों के कहने पर संसोधित किया. मगर अब उन्हें विलेन बनाने की साजिश रची गयी है pic.twitter.com/PvDvf1mnpc
— Narendra Pratap (@hindipatrakar) December 24, 2025
मथुरा में यादव समुदाय ने कहा कि इंद्रेश महाराज को पूरे समाज से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए. अगर ऐसा नहीं हुआ, तो हम लोकतांत्रिक और कानूनी तरीके से विरोध करेंगे. समुदाय ने इस बयान को पूरी तरह खारिज करते हुए इसे भ्रामक बताया.
विवाद बढ़ने के बाद इंद्रेश महाराज ने एक वीडियो जारी कर कहा कि मैं अपने यादव समाज के भाइयों से क्षमा प्रार्थी हूं. यह वीडियो 3-4 साल पुराना है. किसी राजघराने के व्यक्ति ने कुछ भाव बताए थे, जिन्हें हमने कथाओं में शामिल किया था. मेरा उद्देश्य किसी को कष्ट देना नहीं था. हम सब ठाकुर जी के हैं और आपस में एक हैं. कुछ लोग विवाद करवाते हैं, लेकिन मेरा स्वभाव विवाद में पड़ना नहीं है.
उन्होंने आगे कहा कि, ‘मैं आगामी की कथाओं में पहले ही इस विषय को स्पष्ट कर चुका था, लेकिन वह अंश लोगों के संज्ञान में नहीं आ सका.’ यादव समाज के विरोध के बाद अब कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय ने इस मामले माफी मांगते हुए लोगों से शांत रहने की उम्मीद जताई है.
उन्होंने आगे कहा कि समाज में एकता बनी रहनी चाहिए और किसी भी तरह के भेदभाव को बढ़ावा नहीं देना चाहिए. उन्होंने पुनः यादव समाज से माफी मांगते हुए कहा कि उनकी बात से अगर किसी को ठेस पहुंची है, तो वे उसके लिए खेद व्यक्त करते हैं.
