बहन से प्यार करता था शख्स, उसके बॉयफ्रेंड को उतारा मौत के घाट…, माता-पिता ने फ्रीजर में छिपाई लाश
सांकेतिक तस्वीर (आईएएनएस)
अगरतला | त्रिपुरा के अगरतला से एक युवक बीते दिनों लापता हो गया था. इस मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है. पुलिस ने राजधानी अगरतला से लगभग 120 किलोमीटर दूर धलाई जिले के गंदाचेरा बाजार में स्थित एक आईसक्रीम दुकान के फ्रीजर से लापता युवक का शव बरामद किया है. इस हत्या के लिए एक डॉक्टर और उसके माता-पिता समेत छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है.
मृतक की पहचान अगरतला स्मार्ट सिटी मिशन परियोजना में काम करने वाले इलेक्ट्रीशियन सरीफुल इस्लाम (28) के रूप में हुई है. वह 8 जून की शाम से लापता था. वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हत्या की वजह सरीफुल और हत्या के मुख्य आरोपी डॉ दिबाकर साहा (28) की चचेरी बहन के बीच प्रेम संबंध है.
पश्चिम त्रिपुरा जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ. किरण कुमार ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया, “शुरुआती जांच में पता चला है कि मृतक और महिला के बीच प्रेम संबंध है. महिला डॉ दिबाकर की चचेरी बहन है. हत्या के पीछे प्रेम त्रिकोण ही मकसद लगता है.”
पुलिस द्वारा की गई जांच में भयावह तस्वीर उभर कर सामने आई है. 8 जून की शाम को, दिबाकर ने सरीफुल को उपहार देने के बहाने अगरतला के दक्षिण इंद्रनगर कबरखाला इलाके में अपने एक साथी जॉयदीप दास (20) के घर बुलाया. जब सरीफुल वहां पहुंचा तो डॉ दिबाकर ने जॉयदीप दास, अनिमेष यादव (21) और नवनीता दास (25) की मदद से उस पर घात लगाकर हमला कर दिया. इलेक्ट्रीशियन की गला घोंटकर हत्या कर दी गई. इसके बाद उसके शव को एक ट्रॉली बैग में पैक कर दिया गया. इस बैग को दिबाकर ने दो दिन पहले ही खरीदा था.
इस वारदात में डॉ दिबाकर के माता-पिता भी कथित तौर पर शामिल थे.
दिबाकर के माता-पिता दीपक साहा (52) और देबिका साहा (48) अगली सुबह गंदाचेरा से अगरतला पहुंचे थे. वे सरीफुल के शव वाले ट्रॉली बैग को कथित तौर पर अपने गृहनगर वापस ले गए थे. फिर लाश को गंदाचेरा बाजार में स्थित अपनी आईसक्रीम की दुकान में एक फ्रीजर के अंदर छिपा दिया था.
कई दिनों की गहन जांच के बाद, पुलिस ने मंगलवार रात को सभी छह आरोपियों – दिबाकर साहा, दीपक साहा, देबिका साहा, जॉयदीप दास, अनिमेष यादव और नवनीता दास को गिरफ्तार कर लिया. वहीं, शव को बुधवार दोपहर गंदाचेरा फ्रीजर से बरामद किया गया. इस मामले की जांच जारी है.
