विपक्ष के वरिष्ठ नेता ने प्रधानमंत्री पद का प्रस्ताव रखा था पर… , नितिन गडकरी का बड़ा दावा
नितिन गडकरी (फाइल फोटो | क्रेडिट: आईएएनएस)
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने शनिवार को कहा कि विपक्ष के एक वरिष्ठ नेता ने उनके सामने प्रधानमंत्री पद का प्रस्ताव रखा था लेकिन उन्होंने इसे अस्वीकार कर दिया था. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री पद का प्रस्ताव उन्होंने इसलिए अस्वीकार किया था क्योंकि उनकी यह महत्वकांक्षा नहीं थी.
नितिन गडकरी ने नागपुर में हुए पत्रकारिता पुरस्कार समारोह में शनिवार को कहा, “मुझे एक घटना याद है – मैं किसी का नाम नहीं लूंगा – उस व्यक्ति ने कहा था कि अगर आप प्रधानमंत्री बनते हैं, तो हम आपका समर्थन करेंगे.”
हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि यह बातचीत (विपक्ष के नेता ने कब दिया था प्रस्ताव) कब हुई थी.

नितिन गडकरी ने कहा, “लेकिन, मैंने उनसे (विपक्ष के नेता) पूछा कि आप मेरा समर्थन क्यों करेंगे और मुझे आपका समर्थन क्यों लेना चाहिए? प्रधानमंत्री बनना मेरे जीवन का लक्ष्य नहीं है. मैं अपने संगठन के प्रति वफादार हूं और मैं किसी भी पद के लिए समझौता नहीं करूंगा.”
गडकरी ने राजनीति और पत्रकारिता में सुचिता की बात पर जोर दिया.
बता दे कि नितिन गडकरी ने विपक्ष के नेता का नाम उजागर नहीं किया पर उनके द्वारा किया गया दावा काफी बड़ा है.
उल्लेखनीय है कि लोकसभा चुनाव में बीजेपी को पूर्ण बहुमत नहीं मिला था. बीजेपी की 240 सीटें ही आई थी जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 400 पार का नारा दिया था. बहुमत नहीं आने पर भाजपा ने टीडीपी, जेडीयू जैसे दलों की मदद से गठबंधन की सरकार बनाई है.
हिंदी पोस्ट वेब डेस्क
(इनपुट्स: आईएएनएस)
