नेताजी के बेटे की पीट-पीटकर हत्‍या, मां घायल…

Beat IANS (3)

सांकेतिक तस्वीर (आईएएनएस)

The Hindi Post

सहरसा | बिहार के सहरसा जिले के सलखुआ थाना क्षेत्र के डीह टोला वार्ड नंबर 10 सेएक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. दबंगों ने लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के सलखुआ प्रखंड अध्यक्ष अरुण यादव के बेटे राकेश कुमार की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी. घटना के दौरान राकेश को बचाने आई उसकी मां को भी दबंगों ने गंभीर रूप से घायल कर दिया. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो लोगों को हिरासत में लिया है.

राकेश हैदराबाद में एक निजी कंपनी में सिक्योरिटी गार्ड के रूप में कार्यरत था और एक महीने पहले ही अपने गांव लौटा था.

अरुण यादव ने बताया कि पड़ोसी कपूरचंद यादव के साथ खेत को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था. इस संबंध में दोनों पक्षों ने थाने में शिकायत दर्ज की थी. उन्होंने आरोप लगाया कि मेल-मिलाप के लिए दबाव बनाया जा रहा था और धमकियां दी जा रही थीं. राकेश तीन भाइयों में सबसे छोटा था. इस घटना से सब सकते में हैं और स्थानीय लोग न्याय की मांग कर रहे हैं.

सब-डिविजनल पुलिस ऑफिसर आलोक कुमार ने बताया, “घटना सलखुआ थाना क्षेत्र में हुई. पता चला कि एलजेपी ब्लॉक अध्यक्ष अरुण यादव के बेटे और उनकी पत्नी के साथ मारपीट की गई. इलाज के लिए सदर अस्‍पताल लाने के दौरान बेटे की मौत हो गई और उनकी पत्‍नी को भी चोट आई है. प्रथम दृष्‍टया मामला पारिवारिक विवाद का लग रहा है. मामले में पुलिस ने छापे छापेमारी कर दो लोगों को हिरासत में लिया है.”

लोजपा प्रखंड अध्यक्ष अरुण यादव ने मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए बताया, “मेरे बेटे की हत्या कपूरचंद यादव के चार बेटों ने की है. इस पूरी वारदात में उनका साथ तीन पोतों, एक बेटी और दो दामादों ने दिया है. उनके रिश्तेदार भी कोपरिया में हैं. ये लोग झुंड में आए और मेरे बेटे पर बेरहमी से हमला किया.”

यादव का आरोप है कि उन्होंने थाने में फोन किया लेकिन उन्हें तुरंत कोई राहत नहीं मिली. उन्होंने कहा, “पुलिस ने कोताही बरती. यहां तक कि हम लोगों के थाने पहुंचने पर भी पुलिस का बर्ताव ठीक नहीं था. पहले जमीन का विवाद था लेकिन उसको सुलझा लिया गया था.”

 


The Hindi Post
error: Content is protected !!