सीबीएसई 10वीं परिणाम घोषित: 90 प्रतिशत से ज्यादा लाने वाले छात्रों की संख्या 2.21 लाख पार
सांकेतिक तस्वीर / (फोटो क्रेडिट : आईएएनएस)
सीबीएसई 10वीं परिणाम घोषित: 90 प्रतिशत से ज्यादा लाने वाले छात्रों की संख्या 2.21 लाख पार
नई दिल्ली | केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई कक्षा 10 में 95 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्रों की संख्या 55368 रही. यानी लगभग 2.24 प्रतिशत छात्रों ने यह उपलब्धि हासिल की है. वहीं 2,21,574 छात्रों ने दसवीं कक्षा की परीक्षा में 90 प्रतिशत या उससे अधिक अंक हासिल किए हैं. यह कुल सफल विद्यार्थियों का लगभग 8.96 प्रतिशत है.
सीबीएसई के ये आंकड़े दर्शाते हैं कि उच्च अंक अर्जित करने वाले छात्रों की श्रेणी में करीब पौने तीन लाख छात्र शामिल हुए हैं. वहीं यह आंकड़ा मेधावी छात्रों के मजबूत प्रदर्शन को भी रेखांकित करता है.
गौरतलब है सीबीएसई बोर्ड ने बुधवार को वर्ष 2026 का कक्षा 10 बोर्ड रिजल्ट जारी कर दिया है. परीक्षा परिणामों की बात करें तो वर्ष 2026 में कुल 24,83479 छात्रों ने पंजीकरण कराया, जिनमें से 24,71777 छात्र परीक्षा में शामिल हुए. इनमें से 23,16008 छात्र सफल घोषित हुए. इस वर्ष कुल उत्तीर्ण प्रतिशत 93.70 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष 93.66 प्रतिशत से थोड़ा अधिक है. इस प्रकार 0.04 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो स्थिर और सकारात्मक प्रदर्शन को दर्शाती है.
बोर्ड परीक्षा परिणाम में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के प्रदर्शन की बात करें तो इस वर्ग के छात्रों ने भी उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है. वर्ष 2026 में 452 विशेष आवश्यकता वाले छात्रों ने 90 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त किए, जबकि 91 छात्रों ने 95 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए. यह दर्शाता है कि समावेशी शिक्षा के प्रयासों का सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल रहा है और ये छात्र भी मुख्यधारा में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं.
कक्षा 10 के वर्ष 2026 के परीक्षा परिणामों के साथ जारी विस्तृत आंकड़ों में छात्रों के उच्च प्रदर्शन और समग्र शैक्षणिक स्तर की स्पष्ट झलक देखने को मिली है. इस वर्ष बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर अपनी क्षमता का परिचय दिया है. वहीं कुछ छात्रों को सुधार का अवसर भी दिया गया है.
वर्ष 2026 में कुल 147172 छात्रों को कंपार्टमेंट श्रेणी में रखा गया है, जो कुल परीक्षार्थियों का लगभग 5.95 प्रतिशत है. यह प्रतिशत पिछले वर्ष के लगभग समान स्तर पर बना हुआ है, जिससे संकेत मिलता है कि प्रदर्शन में स्थिरता बनी हुई है. वर्ष 2025 में यह संख्या 141353 थी.
विशेषज्ञों के अनुसार, बड़ी संख्या में छात्रों का 90 प्रतिशत से अधिक अंक लाना शिक्षा की गुणवत्ता और छात्रों की मेहनत दोनों को दर्शाता है. वहीं कंपार्टमेंट में आए छात्रों के लिए दूसरी परीक्षा प्रणाली एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है, जिससे वे अपने प्रदर्शन में सुधार कर सकते हैं.
IANS
सीबीएसई 10वीं बोर्ड का रिजल्ट जारी, 93.70 प्रतिशत छात्रों ने मारी बाजी
