इस घोटाले से जुड़े दो लोग देश छोड़कर भागे…..
मुंबई | मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने 122 करोड़ रुपए के न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक स्कैम मामले में अहम जानकारी दी है. इसके मुताबिक, न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक की कार्यवाहक चेयरमैन और उनके पति देश छोड़कर भाग गए हैं और पुलिस जल्द ही उन्हें भगोड़ा घोषित करेगी.
आर्थिक अपराध शाखा ने बताया, “न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक की कार्यवाहक चेयरमैन गौरी भानु और उनके पति हिरेन भानु देश छोड़कर विदेश भाग गए हैं. मुंबई पुलिस जल्द ही उन्हें भगोड़ा घोषित करेगी. हिरेन भानु बीते 26 जनवरी को देश छोड़कर दूसरे देश चले गए थे, जबकि उनकी पत्नी गौरी भानु 10 फरवरी को थाईलैंड भाग गईं हैं.”
अधिकारियों के मुताबिक, हिरेन भानु आरबीआई के निरीक्षण से करीब दो हफ्ते पहले ही देश छोड़कर भागे हैं. ऐसे में संदेह है कि दंपति को घोटाले और आरबीआई की जांच के बारे में सूचना दे दी गई होगी. जांच में यह भी पता चला है कि परिवार के कई सदस्य 14 फरवरी को देश छोड़कर भाग गए थे, यह वहीं तारीख है जिस दिन मामला दर्ज किया गया था.
इससे पहले ईओडब्ल्यू ने मामले से जुड़े एक अन्य आरोपी उन्नतम अरुणाचलम उर्फ अरुण भाई को फरार घोषित कर दिया था. अरुण भाई के बारे में कोई भी जानकारी देने पर इनाम की घोषणा की गई है.
आर्थिक अपराध शाखा की जांच में पता चला है कि न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक स्कैम के मुख्य आरोपी हितेश मेहता ने हिरेन भानु को 26 करोड़ और उनकी पत्नी गौरी भानु को 2 करोड़ रुपए दिए थे.
मुंबई पुलिस के मुताबिक, ईओडब्ल्यू मुख्य आरोपी हितेश मेहता का फोरेंसिक मनोवैज्ञानिक परीक्षण कराएगी. कोर्ट ने इस संदर्भ में ईओडब्ल्यू को इजाजत दे दी है. हितेश जांच में सहयोग नहीं कर रहा है और बहुत सारी महत्वपूर्ण जानकारी भी छिपा रहा है.
मुंबई पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक के 122 करोड़ गबन मामले में कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिनमें बैंक के पूर्व जीएम हितेश मेहता, बिल्डर धर्मेश पौन और अभिमन्यु नामक शामिल हैं. 122 करोड़ गबन के इस मामले में मनोहर की चौथी गिरफ्तारी हुई है.
IANS