उद्धव ठाकरे ने एकनाथ शिंदे को शिव सेना का सीएम मानने से किया इंकार, कहा, “यह सीएम शिव सेना का मुख्यमंत्री नहीं है”
एकनाथ शिंदे द्वारा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ लेने के एक दिन बाद शुक्रवार को पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने अपनी चुप्पी तोड़ी. उन्होंने कहा कि अगर केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने मुझसे किया अपना वादा निभाया होता तो आज राज्य में बीजेपी का मुख्यमंत्री होता.
एक प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए, ठाकरे ने कहा कि अगर अमित शाह अपनी कही बात रखते तो महा विकास आघाड़ी का गठन ही नहीं होता. उन्होंने कहा कि ढाई साल शिव सेना का मुख्यमंत्री हो और ढाई साल बीजेपी का.
उन्होंने मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे को शिवसेना का सीएम मानने से इंकार कर दिया.
उद्धव बोले, “जो कुछ भी कल हुआ, मैंने अमित शाह को पहले ही बोला था कि भाजपा-शिव सेना गठबंधन में ढाई साल के लिए शिव सेना का मुख्यमंत्री होना चाहिए. अगर ऐसा पहले ही कर लिया गया होता तो महा विकास आघाड़ी की जरूरत ही नहीं होती.”
About what happened yesterday, I had told Amit Shah earlier as well that there should be a Shiv Sena CM for 2.5 years (during Shiv Sena-BJP alliance). Had they done this earlier, there would’ve been no Maha Vikas Aghadi: Shiv Sena leader and former Maharashtra CM Uddhav Thackeray pic.twitter.com/dFFrJ6qcyN
— ANI (@ANI) July 1, 2022
उन्होंने कहा कि, “जिस तरह से सरकार बनाई गई है और कथित रूप से शिव सेना के वर्कर को मुख्यमंत्री बनाया गया है, मैंने अमित शाह से यही बात कही थी। यह सम्मानजनक रूप से किया जा सकता था। शिव सेना आधिकारिक तौर पर आपके साथ थी (उस समय)। यह सीएम (एकनाथ शिंदे) शिव सेना का मुख्यमंत्री नहीं है.”
The manner in which Govt has been formed & a so-called Shiv Sena worker has been made CM, I had said the same to Amit Shah. This could’ve been done respectfully. The Shiv Sena was officially with you (at that time). This CM (Eknath Shinde) is not a Shiv Sena CM: Uddhav Thackeray pic.twitter.com/KBw0VeTvVd
— ANI (@ANI) July 1, 2022
हिंदी पोस्ट वेब डेस्क
