पाकिस्तान ने तीन घंटे में ही तोड़ दिया सीजफायर
श्रीनगर | भारत-पाकिस्तान के बीच सीजफायर के चार घंटे के भीतर ही पाकिस्तान ने फिर से अपने नापाक इरादे स्पष्ट कर दिए. जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों में शनिवार रात करीब आठ बजे तेज धमाके हुए और पाकिस्तान की ओर से ड्रोन आते दिखे. इसके साथ ही कई इलाकों में ब्लैकआउट कर दिया गया.
बताया जा रहा है कि श्रीनगर, रियासी, कटरा, उधमपुर समेत कई जगहों पर तेज धमाके की आवाजें सुनी गई हैं, जिसके बाद ब्लैकआउट कर दिया गया. इसके साथ ही पंजाब के फिरोजपुर और होशियार में भी ब्लैकआउट कर दिया गया.
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने पाकिस्तान की इस नापाक हरकत पर सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर सवालिया लहजे में लिखा, ”आखिर संघर्ष विराम का क्या हुआ?” उन्होंने कहा कि श्रीनगर में धमाकों की आवाजें सुनी गईं.
इसके साथ ही उन्होंने एक वीडियो शेयर किया, जिसमें पाकिस्तान की ओर से ड्रोन आते दिख रहे हैं. उन्होंने लिखा कि यह कोई युद्धविराम नहीं है. श्रीनगर के मध्य में हवाई रक्षा इकाइयों ने अभी-अभी गोलीबारी शुरू की है.
Jammu and Kashmir: A sounds of explosions were heard in Srinagar
(Deferred visuals) pic.twitter.com/1EZaJrJ00b
— IANS (@ians_india) May 10, 2025
अमृतसर के जिलाधिकारी ने लोगों से अपील की है कि ब्लैकआउट के लिए तैयार रहें. उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया, “प्रिय नागरिकों, चूंकि संघर्ष विराम उल्लंघन की खबरें हैं, इसलिए हम आज अलर्ट पर रहेंगे. जरूरत पड़ने पर हम ब्लैकआउट का पालन करेंगे. मैं सभी को सलाह देता हूं कि जरूरत पड़ने पर ब्लैकआउट लागू होने के लिए तैयार रहें और घर के अंदर रहें. कृपया पटाखे न फोड़े. हमने यह अभ्यास कई बार किया है, इसलिए कृपया घबराएं नहीं.”
उल्लेखनीय है कि तीन दिनों तक चले संघर्ष के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच शनिवार को युद्धविराम हुआ था. भारतीय विदेश मंत्रालय ने बताया कि शनिवार शाम पांच बजे से सीजफायर लागू हो गया है, लेकिन महज चार घंटे के अंदर ही पाकिस्तान ने सीजफायर का उल्लंघन किया और सीमा पार से गोलीबारी शुरू की. साथ ही कई शहरों को ड्रोन के जरिए निशाना बनाया.
इससे पहले भारत सरकार ने आतंकवाद के खिलाफ जारी लड़ाई को लेकर बड़ा फैसला लिया. सरकार ने सख्त संदेश देते हुए कहा कि भविष्य में कोई भी आतंकी घटना भारत के खिलाफ युद्ध की कार्रवाई मानी जाएगी.
भारत सरकार के शीर्ष सूत्र के मुताबिक, भारत ने निर्णय लिया है कि भविष्य में किसी भी आतंकी कार्रवाई को भारत के खिलाफ युद्ध की कार्रवाई माना जाएगा और उसी के अंदाज में जवाब भी दिया जाएगा.
