लखनऊ : अलीगंज कोचिंग सेंटर हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 15 हुई, सीएम योगी ने घायलों से की मुलाकात
फोटो क्रेडिट : आईएएनएस
लखनऊ : अलीगंज कोचिंग सेंटर हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 15 हुई, सीएम योगी ने घायलों से की मुलाकात
लखनऊ | लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र स्थित पुरनिया इलाके में सोमवार को एक निजी कोचिंग सेंटर में भीषण आग लगने से बड़ा हादसा हो गया. इस घटना में 15 लोगों की मौत हो गई. सीएम योगी आदित्यनाथ ने घटनास्थल पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया और अस्पताल में घायलों से मुलाकात की.
इस भीषण अग्निकांड के समय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अलीगढ़ में थे. वह अपना दौरा रद्द कर सीधे घटनास्थल पहुंचे. उन्होंने राहत कार्यों का जायजा लिया और घायलों को बेहतर इलाज की बात दोहराई. उन्होंने कहा कि सरकार की पहली प्राथमिकता घायलों को बेहतर से बेहतर उपचार उपलब्ध कराना है. घटना के कारणों का पता जांच रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा.
घटनास्थल के बाद सीएम योगी केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर पहुंचे जहां उन्होंने अग्निकांड में घायल हुए लोगों से मुलाकात की.
घटनास्थल पर मौजूद उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने बताया कि हादसे में 14 बच्चों की मृत्यु हुई है और चार घायल बच्चों को केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है. मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं.
घायलों का इलाज किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है.
Lucknow, Uttar Pradesh: Chief Minister Yogi Adityanath leaves after inspecting the site of the fire incident. pic.twitter.com/qc1rQXOo2E
— IANS (@ians_india) June 22, 2026
केजीएमयू की कुलपति प्रोफेसर सोनिया नित्यानंद ने कहा कि अलीगंज अग्निकांड में घायलों को बचाने के लिए चिकित्सकों की पूरी टीम जुटी हुई है. उन्होंने बताया कि जिन लोगों की मृत्यु हुई है उनका पंचनामा और पोस्टमार्टम कराना आवश्यक प्रक्रिया है और इसे शुरू कर दिया गया है.
सीएमएस ट्रॉमा सेंटर के डॉ. प्रेम राज सिंह ने बताया, “कुल 21 लोग अस्पताल में आए हैं, जिसमें 6 लोगों की स्थिति स्थिर है. बाकी लोग मृत अवस्था में लाए गए हैं. हम उनका पंचनामा कराकर उनको मार्चरी भेज रहे हैं.” उन्होंने स्पष्ट किया कि अस्पताल में बेड रिजर्व है, न दवाइयों की कमी है न ही बेड की.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दोपहर के समय भवन से अचानक धुआं उठता दिखाई दिया. कुछ ही देर में आग तेजी से फैल गई और पूरे भवन को अपनी चपेट में ले लिया. धुएं के कारण छात्रों में भगदड़ मच गई और कई बच्चों ने जान बचाने के लिए ऊंचाई से छलांग लगा दी. सूचना मिलते ही दमकल विभाग, पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंची.
डीजीपी राजीव कृष्ण, अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद, जिलाधिकारी तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर मौजूद रहे. दमकल कर्मियों ने भवन की पिछली दीवार तोड़कर अंदर पहुंचने का प्रयास किया और राहत एवं बचाव अभियान चलाया.
इस बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि घटना अत्यंत पीड़ादायक है और दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. सीएम योगी ने अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने और घायलों के समुचित उपचार के निर्देश दिए हैं. साथ ही हादसे के कारणों की विस्तृत जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के आदेश भी दिए हैं.
