अयातुल्ला खामेनेई को दफनाने के बाद मुजतबा खामनेई ने लिय महा-संकल्प, बोले – “पिता के खून का….”

MUJTABA KHAMNEI

ईरान के वर्तमान सर्वोच्च नेता मुजतबा खामेनेई / (फोटो क्रेडिट : आईएएनएस)

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अयातुल्ला खामेनेई को दफनाने के बाद मुजतबा खामनेई ने लिय महा-संकल्प, बोले – “पिता के खून का….”

 

तेहरान | ईरान के वर्तमान सर्वोच्च नेता मुजतबा खामेनेई ने अपने दिवंगत पिता अयातुल्ला अली खामेनेई को सुपुर्द-ए-खाक किए जाने के बाद सार्वजनिक संदेश जारी किया है. टेलीग्राम और इसके साथ ही आधिकारिक वेबसाइट ‘रहबर डॉट आईआर’ पर भी शोक संदेश पोस्ट किया. उन्होंने कहा, “मैं अपने पिता के खून का बदला जरूर लूंगा; बदला ही हमारे देश की भी इच्छा है.”

मुजतबा खामेनेई ने जनाजे में शामिल लाखों लोगों का आभार जताया. इस्लामिक क्रांति में खामेनेई के योगदान को याद दिलाया. इसके साथ ही इराक, ईरान और अन्य देशों का भी इस लड़ाई में शामिल होने के लिए आह्वान किया. उन्होंने जनाजे में लोगों की भारी मौजूदगी को ऐतिहासिक और दुश्मनों को करारा जवाब देने वाला करार दिया.

उन्होंने कहा, “मैं ईरान और इराक के शहरों और गांवों, विशेष रूप से तेहरान, कोम, नजफ, कर्बला और मशहद में करोड़ों लोगों की उपस्थिति की सराहना करता हूं; यह ऐतिहासिक और अभूतपूर्व थी.

उन्होंने कहा, “निर्दोष पिता के खून और उनके साथ जंग में मारे गए लोगों का बदला लिया जाएगा और प्रतिशोध ही अवाम की इच्छा है.”

उन्होंने इस संदेश में आगे कहा, “हम यह संकल्प लेते हैं कि आपके दिखाए मार्ग पर दृढ़ता से चलेंगे, कठिनाइयों से नहीं डरेंगे और ईश्वर के वचनों पर विश्वास बनाए रखेंगे.”

वहीं, ईरान के मुख्य न्यायाधीश हुज्जतुल इस्लाम गुलामहुसैन मोहसनी एजेई ने कहा है कि अमेरिका और इजरायल को ईरान के खिलाफ कथित युद्ध अपराधों के लिए जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि न्यायिक संस्थाएं इन मामलों में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

ईरानी समाचार एजेंसी आईएसएनए के अनुसार, तेहरान में अंतरराष्ट्रीय वकीलों और कानूनी विशेषज्ञों के साथ बैठक में एजेई ने कहा, “अमेरिका और जियोनिस्ट शासन ने हमारे देश और हमारे लोगों के खिलाफ युद्ध अपराध किए हैं. हम युद्ध अपराधियों के खिलाफ मुकदमा चलाने और उन्हें सजा दिलाने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं. अपराधियों को उनके अपराध के अनुरूप दंड मिलना चाहिए और क्षतिपूर्ति भी करनी चाहिए.”

आईएसएनए के मुताबिक, इस बैठक में ईरानी न्यायिक अधिकारियों और विदेशी कानूनी विशेषज्ञों ने हालिया संघर्ष के दौरान कथित उल्लंघनों के दस्तावेजीकरण और अंतरराष्ट्रीय अदालतों में कानूनी विकल्पों पर चर्चा की.

एजेई ने कहा कि ईरान का अटॉर्नी जनरल कार्यालय और न्यायपालिका के अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विभाग इन मामलों को आगे बढ़ाने के लिए सक्रिय हैं. उन्होंने कहा, “आइए युद्ध अपराधियों के खिलाफ मुकदमा चलाने और उन्हें दंडित करने का एक नया अध्याय शुरू करें.”

उन्होंने अंतरराष्ट्रीय वकीलों से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा कि “सत्य की आवाज और न्याय की मांग को दबाया नहीं जा सकता.”

आईएसएनए के अनुसार, एजेई ने अमेरिका और इजरायल पर ईरान के अलावा दुनिया के अन्य हिस्सों में भी अपराध करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा, “अमेरिकी और जियोनिस्ट शासन के नेता दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अपराधों के लिए जिम्मेदार हैं. इन घटनाओं का दस्तावेजीकरण किया जाना चाहिए ताकि आने वाली पीढ़ियां भी उनसे अवगत हो सकें.”

उन्होंने यह भी कहा कि ईरान अपने शहीदों को नहीं भूलेगा और कथित अंतरराष्ट्रीय अपराधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी रखेगा. साथ ही उन्होंने दावा किया कि ईरानी राष्ट्र को हुए नुकसान की भरपाई कराने के लिए भी प्रयास किए जाएंगे.

आईएएनएस

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