विकास दुबे का करीबी अमर दुबे मुठभेड़ में मारा गया, एक अन्य सहयोगी गिरफ्तार

Vikas Dubey aide Amar Dubey encountered_800x618

(फाइल फोटो)

The Hindi Post

हमीरपुर (उप्र) | स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) के साथ मौदहा में बुधवार सुबह हुई मुठभेड़ में गैंगस्टर विकास दुबे का दाहिना हाथ माना जाने वाला अमर दुबे मारा गया। गैंगस्टर दुबे ने पिछले शुक्रवार को आठ पुलिस कर्मियों की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके बाद से ही विकास दुबे कानपुर पुलिस के लिए मोस्ट वॉन्टेड की लिस्ट में शुमार है। दुबे इस नरसंहार का एक नामजद आरोपी था।

वहीं इस मुठभेड़ के बाद गैंगस्टर के एक और साथी श्यामू बाजपेयी गिरफ्तार किया गया है। मुठभेड़ में वह घायल हो गया है।

श्यामू बाजपेयी के ऊपर भी 25 हजार रुपये का इनाम है।

श्यामू बाजपाई
श्यामू बाजपाई

गिरफ्तार किए जाने वाले विकास दुबे गिरोह का दूसरा सदस्य श्यामू है, इससे पहले दया शंकर अग्निहोत्री को गिरफ्तार किया गया था।

गैंगस्टर की मदद करने के लिए गिरफ्तार किए गए तीन अन्य लोगों में उसकी नौकरानी रेखा, एक रिश्तेदार क्षमा दुबे और सुरेश वर्मा शामिल हैं।

एसटीएफ सूत्रों के अनुसार, पुलिस की टीम को जिले में अमर की मौजूदगी के बारे में सूचना मिली थी। जब उन्होंने उसे घेरने की कोशिश की, तो अपराधी ने उन पर गोलियां चला दीं। इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें वह करीब 6.30 बजे मारा गया।

कथित तौर पर अमर मौदहा इलाके में अपने एक रिश्तेदार के घर जा रहा था।

एसटीएफ के एक अधिकारी ने कहा, “हमने उसे आत्मसमर्पण करने के लिए कहा था, लेकिन उसने फायरिंग कर दी और जब हमने जवाबी कार्रवाई की तो वह मारा गया।”

जानकारी के मुताबिक अमर पहले फरीदाबाद में छिपा था, लेकिन पुलिस का दबाव बढ़ने के कारण वह वहां से भाग निकला।

अमर दुबे, विकास दुबे का भरोसेमंद साथी था और नरसंहार के बाद कानपुर पुलिस ने उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।

इसी दौरान कुछ र्पिोटों में दावा किया गया है कि विकास दुबे को भी मंगलवार रात फरीदाबाद के एक होटल में देखा गया था, लेकिन पुलिस के उस तक पहुंचने से पहले ही वो भाग गया।

आईएएनएस


The Hindi Post

You may have missed

error: Content is protected !!