लेफ्टिनेंट जनरल आरसी तिवारी पहुंचे भारत-बांग्लादेश सीमा पर, यह जानकारी आई सामने
बांग्लादेश बॉर्डर पर सैनिकों से बात करते पूर्वी कमांड के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल आरसी तिवारी. (Photo: X/Eastern Command IA)
लेफ्टिनेंट जनरल आरसी तिवारी पहुंचे भारत-बांग्लादेश सीमा पर, यह जानकारी आई सामने….
अगरतला | बांग्लादेश में मौजूदा अस्थिर हालात के बीच पूर्वी सेना कमान के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल आर.सी. तिवारी ने वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों के साथ मिजोरम और त्रिपुरा में भारत–बांग्लादेश सीमा क्षेत्रों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था और तैयारियों की समीक्षा की.
भारतीय सेना की पूर्वी कमान ने शुक्रवार को अपने एक्स हैंडल पर जानकारी देते हुए बताया कि लेफ्टिनेंट जनरल आर.सी. तिवारी, वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों के साथ मिजोरम के परवा में स्पीयर कॉर्प्स के तहत तैनात असम राइफल्स और बीएसएफ के कंपनी ऑपरेटिंग बेस पहुंचे और भारत–बांग्लादेश सीमा पर सुरक्षा स्थिति का जायजा लिया.
पोस्ट में कहा गया कि सेना कमांडर ने असम राइफल्स और बीएसएफ के जवानों की दृढ़ता, साहस और उच्च स्तर की ऑपरेशनल तैयारियों की सराहना की.
इसके अलावा, लेफ्टिनेंट जनरल तिवारी और जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेंट जनरल अभिजीत एस. पेंढारकर ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ त्रिपुरा के दक्षिणी जिले बेलोनिया का भी दौरा किया और सीमा से जुड़े हालात की समीक्षा की.
गौरतलब है कि भारत के चार पूर्वोत्तर राज्य – त्रिपुरा (856 किमी), मेघालय (443 किमी), मिजोरम (318 किमी) और असम (263 किमी), कुल 1,880 किलोमीटर लंबी सीमा बांग्लादेश से साझा करते हैं. भारत–बांग्लादेश सीमा की सुरक्षा का जिम्मा सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के पास है.
त्रिपुरा की 856 किलोमीटर लंबी सीमा बांग्लादेश से लगती है और राज्य तीन ओर से पड़ोसी देश से घिरा होने के कारण तस्करी और अन्य सीमा-पार अपराधों के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है.
इससे पहले त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने कहा कि बांग्लादेश की स्थिति पर भारत सरकार करीबी नजर बनाए हुए है और किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व बांग्लादेशी प्रधानमंत्री शेख हसीना के सत्ता से बाहर होने के बाद पड़ोसी देश में कई चिंताजनक और हिंसक घटनाएं सामने आई हैं. उन्होंने बताया कि त्रिपुरा सरकार सीमा पार हालात से जुड़े सभी घटनाक्रमों पर नियमित रूप से केंद्र सरकार को विस्तृत रिपोर्ट भेज रही है.
मुख्यमंत्री साहा ने मीडिया से कहा कि बांग्लादेश की जेलों से कई कुख्यात आतंकियों, अपराधियों और विभिन्न अपराधों में शामिल लोगों को रिहा किया गया है.
उन्होंने कहा कि भारत और उसकी सशस्त्र सेनाएं हर स्थिति से निपटने के लिए हमेशा तैयार हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्रिमंडल बांग्लादेश में हो रहे घटनाक्रम से पूरी तरह अवगत है और उस पर करीबी नजर रखे हुए है.
