राहुल गांधी का बीजेपी पर वार, 5 पॉइंट में बताया- ‘चुनाव कैसे चुराया जाता है?’ चुनाव आयोग का यह जवाब आया सामने…
कांग्रेस नेता राहुल गांधी (फाइल फोटो | क्रेडिट: आईएएनएस)
नई दिल्ली | कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बड़ा आरोप लगाया है. उनका कहना है कि 2024 में हुए महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में ‘धांधली’ की गई थी. गांधी ने एक-एक कर बताया कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों में कैसे धांधली की गई और बीजेपी को फायदा पहुंचाया गया.
राहुल गांधी ने शनिवार को अखबार The Indian Express में लिखे एक लेख में कहा, “भाजपा और उसके सहयोगियों ने चुनाव जीतने के लिए 5 स्टेप की प्लानिंग की थी.” उन्होंने यह भी कहा कि महाराष्ट्र की तरह ही मैच फिक्सिंग अगली बार बिहार में होगी, फिर किसी भी राज्य में जहां भाजपा हारती दिख रही हो.
क्या है वो आरोप जिनका जिक्र राहुल गांधी ने किया? उन्होंने कहा – “चुनाव आयोग में अपने हिसाब से लोगों की नियुक्ति की
वोटर लिस्ट में फर्जी नाम जोड़ दिए
वोटिंग का आंकड़ा जरूरत से ज्यादा दिखाया गया
जिन इलाकों में भाजपा को हार का डर था, वहां फर्जी वोट डलवाए गए
फिर सबूतों को छुपाया गया”
राहुल गांधी ने आगे लिखा, “चुनाव में मैच फिक्सिंग लोकतंत्र के लिए जहर है. यह समझना मुश्किल नहीं है कि महाराष्ट्र में भाजपा इतनी बौखलाहट में क्यों थी लेकिन हेराफेरी करना मैच फिक्सिंग जैसा है. जो टीम धोखा देती है वो भले ही जीत जाए लेकिन इससे संस्थाएं कमजोर होती हैं और जनता का चुनावी नतीजों पर भरोसा खत्म हो जाता है. हर जिम्मेदार भारतीय को इन सबूतों को देखना चाहिए, खुद निर्णय करना चाहिए और सवाल पूछने चाहिए। मैच फिक्स करके हुए चुनाव किसी भी लोकतंत्र के लिए जहर है.”
राहुल ने अपने लिख में आगे लिखा, “चुनाव आयुक्त की नियुक्ति करने वाली कमेटी में CJI (मुख्य न्यायाधीश) की जगह एक केंद्रीय मंत्री को बैठाया गया. इससे निष्पक्षता खत्म हो गई और पूरा कंट्रोल सरकार के हाथ में चला गया. मुख्य न्यायाधीश को हटाकर कैबिनेट मंत्री को लाना ठीक नहीं लगता. सोचिए, कोई किसी निष्पक्ष व्यक्ति को हटाकर अपने आदमी को क्यों लाना चाहेगा? इसका जवाब अपने आप मिल जाता है.”
वही चुनाव आयोग ने राहुल गांधी को जवाब दिया है. चुनाव आयोग ने कहा, ”मैच हारने के बाद रेफरी को दोष देना अब एक नई और बेतुकी आदत बन चुकी है.”
चुनाव आयोग ने यह भी साफ कर दिया कि कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी को उनके द्वारा किए गए सवालों का जवाब पहले ही 24 दिसंबर 2024 को दिया जा चुका है. इसके साथ ही चुनाव आयोग ने यह भी बताया कि उन्हें दिया गया जवाब चुनाव आयोग की वेबसाइट पर भी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध है. चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोप को पूरी तरह बेबुनियाद और कानून का अपमान बताया.
चुनाव आयोग ने इसके साथ ही कहा कि इस तरह की भाषा लोकतंत्र के लिए जहर जैसी है. चुनाव आयोग को बदनाम करना, केवल एक संस्थान पर नहीं बल्कि देश के लोकतांत्रिक ढांचे पर हमला है.
IANS/Hindi Post Web Desk
