समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी को मिली जमानत लेकिन …

Irfan Solanki (1)

समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी (फोटो क्रेडिट: सोशल मीडिया)

The Hindi Post

आगजनी के मामले में समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी, उनके भाई रिजवान सोलंकी और अन्य लोगों को सात साल की सजा सुनाई गई थी. इस फैसले के खिलाफ, इलाहाबाद हाईकोर्ट में अपील की गई थी. साथ ही मांग की गई थी कि सजा को स्थगित कर दिया जाए.

हाईकोर्ट ने इरफान सोलंकी और अन्य दोषियों की जमानत तो मंजूर कर ली लेकिन सजा पर रोक लगाने से इंकार कर दिया. इसका अर्थ है कि इरफान सोलंकी की विधायकी बहाल नहीं होगी.

सात साल की सजा होने के कारण इरफान सोलंकी की विधानसभा सदस्यता निरस्त हो गई थी. इसी कारण कानपुर की सीसामऊ सीट पर उपचुनाव हो रहा है. आने वाली 20 (नवंबर) तारीख को सीसामऊ सीट के मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे. इस उपचुनाव में समाजवादी पार्टी ने इरफान सोलंकी की पत्नी नसीम को चुनावी मैदान में उतारा है.

आपको बता दे कि कानपुर की स्पेशल एमपी-एमएलए कोर्ट ने 7 जुलाई 2024 को समाजवादी पार्टी के विधायक इरफान सोलंकी समेत कई लोगों को दोषी ठहराते हुए सजा का ऐलान किया था. सोलंकी भाइयों को एक महिला के घर आगजनी करने के मामले में दोषी ठहराया गया था. सात साल की सजा सुनाई गई थी. सात साल की सजा होने की वजह से इरफान सोलंकी की विधानसभा की सदस्यता निरस्त हो गई थी. इरफान सोलंकी ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को इलाहाबाद हाईकोर्ट में चुनौती दी थी.

वहीं यूपी सरकार की अपील में 7 साल की सजा को बढ़ाकर उम्र कैद में तब्दील किए जाने की मांग की गई थी. लेकिन सरकार की अपील पर कोर्ट ने सजा बढ़ाने पर कोई फैसला नहीं दिया है.

हिंदी पोस्ट वेब डेस्क

 


The Hindi Post

You may have missed

error: Content is protected !!