बदायूं दोहरा हत्याकांड: मृतक बच्चों के पिता ने कहा – “हत्या कर जाते समय साजिद ने मेरी पत्नी से कहा काम पूरा हो गया…”
सांकेतिक तस्वीर (आईएएनएस)
बदायूं (यूपी) दोहरे हत्याकांड का दूसरा आरोपी अभी भी फरार है और पुलिस ने उसकी तलाश के लिए टीमें गठित कर दी हैं.
दूसरा आरोपी मुख्य आरोपी साजिद का भाई जावेद है. साजिद को मंगलवार रात दो नाबालिग भाइयों की बेरहमी से हत्या करने के घंटे के भीतर पुलिस मुठभेड़ में मार गिराया गया था.
इस हत्याकांड को कथित तौर पर अंजाम देने के बाद साजिद और जावेद भाग निकले थे.
मारे गए बच्चों की मां ने बुधवार को पत्रकारों से कहा, ”जावेद ही मेरे नाबालिग बेटों की हत्या के पीछे के मकसद का खुलासा कर सकता है. मुझे अभी भी नहीं पता कि साजिद ने मेरे बेटों को क्यों मारा. हो सकता है कि उसने ऐसा किसी के कहने पर किया हो.”
पुलिस ने बताया कि मंगलवार शाम को बदायूं की बाबा कॉलोनी में पेशे से नाई साजिद ने कथित तौर पर दो बच्चों की हत्या कर दी. मृत बच्चों के नाम है आयुष और हनी. 22 वर्षीय साजिद की बाल काटने की दुकान मृतकों के घर के बिल्कुल करीब थी.
बच्चों की मां ने कहा, “साजिद मंगलवार शाम को मेरे पास आया और यह कहते हुए 5000 रुपये मांगे कि उसकी पत्नी की डिलीवरी होने वाली है और वह अस्पताल में है. मैंने अपने पति से बात की और उन्होंने मुझसे कहा कि मैं साजिद को पैसे दे दूं. मैंने पैसे दिए और किचन में चली गई. इस बीच, साजिद मेरे घर की ऊपर वाली मंजिल पर चला गया. वहां मेरे दो बेटे अपने भाई 8 वर्षीय पीयूष के साथ खेल रहे थे. उसने बच्चों पर हमला कर दिया. पीयूष बच निकला और नीचे आकर उसने हमे पूरी बात बताई.”
इस हत्याकांड से हड़कंप मच गया. चीख-पुकार मच गई. मौके पर लोग इक्कठा हो गए. जिसने भी इस हत्याकांड के बारे में जाना वो सिहर उठा. दो बच्चों की हत्या के करीब दो घंटे बाद साजिद कथित पुलिस मुठभेड़ में मारा गया.
यूपी के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) प्रशांत कुमार ने कहा कि आरोपी को तब मार गिराया गया, जब उसने पीछा कर रही पुलिस टीम पर गोलियां चलाई.
बच्चों के पिता विनोद सिंह एक ठेकेदार हैं, जबकि उनकी मां संगीता का ब्यूटी पार्लर है.
बदायूं के एसएसपी आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि विनोद सिंह की शिकायत पर पुलिस ने साजिद और उसके भाई जावेद के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है.
एफआईआर में कहा गया है, “आरोपी साजिद ने मेरी पत्नी से कहा कि उसे पैसे चाहिए क्योंकि उसकी पत्नी प्रेग्नेंट है और बच्चे को जन्म देने वाली है. जब मेरी पत्नी पैसे लेने के लिए अंदर गई, तो उसने (साजिद) कहा कि वह अस्वस्थ महसूस कर रहा है और छत पर टहलने जाना चाहता है. वह मेरे बेटों को अपने साथ ले गया. उसने अपने भाई जावेद को भी छत पर बुला लिया. जब मेरी पत्नी लौटी तो उसने साजिद और जावेद को हाथों में चाकू लिए देखा. साजिद ने मेरे जीवित बेटे पर भी हमला करने की कोशिश की. उसे चोटें आईं है. इसके बाद दोनों भाग निकले. साजिद ने जाते समय मेरी पत्नी से कहा कि आज उसने अपना काम पूरा कर लिया है.”
विनोद सिंह का कहना है कि हत्या में दो लोग शामिल थे और यह घटना क्यों घटी, इसके बारे में उन्हें अब तक पता नहीं है.
इस बीच, बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद दोनों बच्चों के शव परिवार को सौंप दिए गए. अंतिम संस्कार आज दिन में होगा.
कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए बाबा कॉलोनी में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है.
बदायूं के जिला मजिस्ट्रेट मनोज कुमार ने कहा कि इलाके में स्थिति सामान्य है.
हिंदी पोस्ट वेब डेस्क
(इनपुट्स: आईएएनएस)
