कोविड के बढ़ते मामलों के बीच CM योगी ने अधिकारियों संग की अहम बैठक
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
लखनऊ | देश में बढ़ते कोरोना के नए मामलों के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को राज्य स्तरीय कोविड सलाहकार समिति और उच्चस्तरीय टीम-9 के साथ प्रदेश की स्थिति की समीक्षा की और व्यापक जनहित में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए.
उन्होंने कहा कि बीते कुछ समय से देश के विभिन्न राज्यों में कोविड के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है. वर्तमान में देश में 40 हजार से अधिक एक्टिव केस हैं, हालांकि उत्तर प्रदेश में स्थिति नियंत्रण में है. यहां न केवल पॉजिटिविटी दर कम है, बल्कि जो कोविड पॉजिटिव मरीज मिल रहे हैं, उनकी स्थिति भी सामान्य है. स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार यह स्थिति घबराने की नहीं सतर्क और सावधान रहने की है.
योगी बोले कि वर्तमान में प्रदेश में 1791 एक्टिव केस हैं और अप्रैल माह में अब तक पॉजिटिविटी दर 0.65 फीसद रही है. पिछले अनुभवों को दृष्टिगत रखते हुए यह आवश्यक होगा कि हम हर स्तर पर सतर्क रहें. उन्होंने कहा कि हमें अलर्ट मोड में रहना होगा. लखनऊ, गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, वाराणसी, आगरा और मेरठ जनपद में विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है. कोविड के हर संदिग्ध मरीज को तत्काल चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई जाए. स्थानीय जिला प्रशासन से समन्वय स्थापित करते हुए सभी जिलों में डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल तत्काल क्रियाशील कर दिए जाए.
उन्होंने कहा कि कोविड से बचाव के लिए उत्तर प्रदेश में सभी जरूरी लॉजिस्टिक उपलब्ध हैं. विगत वर्ष स्थापित सभी ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील हों. अस्पतालों/मेडिकल कॉलेजों को उपलब्ध कराए गए वेंटिलेटर एक्टिव हों. पैरामेडिकल स्टाफ की तैनाती हो. जहां वेंटिलेटर हो वहां एनेस्थेटिक की तैनाती जरूर की जाए.
मुख्यमंत्री ने कहा कि विगत दिवस आयोजित प्रदेशव्यापी मॉक ड्रिल में जहां भी जिस भी तरह की कमी पाई गई हो, उसे तत्काल ठीक किया जाए. सभी 75 जनपदों में स्वास्थ्य एवं चिकित्सा सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम हों. इंटीग्रेटेड कोविड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर को तत्काल एक्टिव करें.
आईएएनएस
