बठिंडा मिलिट्री स्टेशन में गोलीबारी: 4 जवान शहीद, सादी वर्दी में आए दो अज्ञात लोगों ने दिया घटना को अंजाम
बठिंडा मिलिट्री स्टेशन के बाहर का दृश्य (फोटो: आईएएनएस)
चंडीगढ़ | भारतीय सेना ने बुधवार शाम को कहा कि उसने वो इंसास राइफल और मैगजीन बरामद कर ली हैं जिससे बठिंडा (पंजाब) सैन्य स्टेशन के अंदर चार सैनिकों की हत्या की गई. अभी तक किसी भी व्यक्ति को हिरासत में नहीं लिया गया है.
भारतीय सेना ने कहा कि सेना और पुलिस की संयुक्त टीमें अब और जानकारी हासिल करने के लिए हथियार का फोरेंसिक विश्लेषण करेंगी.
पुलिस अधीक्षक (जांच) अजय गांधी ने कहा कि सिविल ड्रेस (सादी वर्दी) में आए दो अज्ञात लोगों ने बुधवार तड़के सैन्य थाने के बैरक में सो रहे सैन्यकर्मियों पर फायरिंग कर दी, जिसमें चार जवान शहीद हो गए. मौके से एक इंसास राइफल के 19 खाली खोल बरामद किए गए हैं.
पाकिस्तान सीमा से करीब 100 किलोमीटर दूर स्थित एशिया के इस सबसे बड़े सैन्य ठिकाने पर बुधवार सुबह तड़के करीब 4.35 बजे गोलीबारी हुई. घटना की जांच कर रही पुलिस टीम का नेतृत्व कर रहे अजय गांधी ने अपराध करने के लिए इस्तेमाल किए गए हथियार पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया.
उन्होंने मीडिया से कहा कि मामले की जांच चल रही है. अधिकारी ने कहा कि जब हमलावरों ने सैन्य बैरक के अंदर फायरिंग की थी तब सागर, कमलेश, संतोष और योगेश सो रहे थे. गोली लगने से इनकी जान चली गई. मौके से इंसास राइफल के 19 खाली खोल बरामद किए गए हैं.
दक्षिण पश्चिमी कमान मुख्यालय ने कहा कि इंसास राइफल में शेष कितने राउंड बचे हुए हैं इसकी जानकारी फोरेंसिक विश्लेषण के बाद ही पता चली. उन्होंने कहा, पंजाब पुलिस के साथ संयुक्त जांच जारी है. हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है. अभी तक किसी व्यक्ति को न तो हिरासत में लिया गया है और न ही पकड़ा गया है.
इससे पहले दिन में कमान मुख्यालय ने एक बयान में कहा था कि यह पता चला है कि दुर्भाग्यपूर्ण घटना में तोपखाना इकाई के चार जवानों की गोली लगने से मौत हो गई.
बठिंडा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गुलनीत सिंह खुराना ने मीडिया से कहा कि यह कोई आतंकी हमला नहीं था और ऐसा लगता है कि मिल्रिटी स्टेशन में कोई आंतरिक घटना घटित हुई हैं.
बठिंडा छावनी, जो देश के सबसे बड़े गोला-बारूद डिपो में से एक है, चंडीगढ़-फाजिल्का खंड पर राष्ट्रीय राजमार्ग-7 के साथ स्थित है.
आईएएनएस
