टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: “शूटर्स को लगातार मिल रही थी अपडेट, टीवी न्यूज पर भी….”, मुंबई पुलिस की जांच में हुआ बड़ा खुलासा

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फोटो: आईएएनएस

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टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: “शूटर्स को लगातार मिल रही थी अपडेट, टीवी न्यूज पर भी….”, मुंबई पुलिस की जांच में हुआ बड़ा खुलासा

 

मुंबई । टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग मामले में मुंबई पुलिस की ओर से जांच जारी है। जांच में सामने आया है कि हमले के दौरान शूटर्स और उनके हैंडलर के बीच लगातार संपर्क था। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस की तलाश के दौरान भी उन्हें अपडेट दिए जा रहे थे। जांच में सामने आया कि वारदात को अंजाम देने वाले शूटर्स अपने हैंडलर के संपर्क में थे। फोन कॉल और मैसेज के जरिए उन्हें लगातार अपडेट दिए जा रहे थे।

सूत्रों ने बताया की शूटर्स के चेहरे और पहचान से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद हैंडलर ने उन्हें वहां से निकलने की चेतावनी भी दी थी। इस दौरान टीवी न्यूज के जरिए सामने आ रही जानकारी पर भी नजर रखी जा रही थी। पुलिस के मुताबिक, शूटर्स को यह जानकारी दी जा रही थी कि पुलिस उनकी पहचान और लोकेशन तक पहुंचने के लिए कितनी आगे बढ़ चुकी है। जब फायरिंग से जुड़े वीडियो और व्लॉगर्स के बनाए फुटेज में आरोपियों के चेहरे टीवी चैनलों पर दिखाए गए, तब एक आरोपी रेहान अंसारी को मैसेज भेजकर वहां से निकलने के लिए कहा गया।

पुलिस को संदेह है कि कोई व्यक्ति टीवी न्यूज चैनलों पर नजर रखकर शूटर्स तक जानकारी पहुंचा रहा था। हालांकि, पुलिस अभी यह पता लगाने में जुटी है कि उन्हें अपडेट देने वाला शख्स कौन था? रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस को संदेह है कि रेहान को कम्युनिकेशन ऐप के जरिए निर्देश देने वालों में अमेरिका में मौजूद अनिल पंडित या हाल ही में सोनीपत से गिरफ्तार किए गए अंकित खटक और समीर खत्री की भूमिका हो सकती है। हालांकि, शूटर्स तक टीवी न्यूज की जानकारी पहुंचाने वाले व्यक्ति की पहचान अभी उजागर नहीं हुई है।

पुलिस के अनुसार, आरोपियों के पास कुछ वीडियो, फोटो और बातचीत से जुड़ी जानकारी मिली है। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी पुलिस की गतिविधियों के बारे में अपडेट मिलने के बाद अपनी यात्रा के साधन बदल रहे थे।

टाइगर श्रॉफ की कार पर 18 अक्टूबर को फायरिंग करने के बाद तीनों आरोपी बाइक से फरार हुए थे। इसके बाद वे ट्रेन और कैब के जरिए अलग-अलग जगहों पर पहुंचे। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने मोबाइल नेटवर्क के बजाय इंटरनेट आधारित कॉलिंग का इस्तेमाल किया, जिससे उनकी बातचीत को ट्रैक करना मुश्किल हुआ।

आरोपियों की एक सामान्य फोन कॉल कैब ड्राइवर से हुई थी। इसी कॉल के जरिए पुलिस को उनकी गतिविधियों का सुराग मिला। बाद में मुंबई पुलिस की सूचना पर राजस्थान के कोटा में तीनों को ट्रेन से गिरफ्तार किया गया। इस मामले में पुलिस अब तक 10 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। फायरिंग करने के आरोप में गिरफ्तार तीन आरोपी फूल सिंह (18), रेहान रहीसुद्दीन अंसारी (18) और ऋतिक महतो (22) 31 अक्टूबर तक पुलिस कस्टडी में हैं।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया की घटना के बाद पुलिस टाइगर श्रॉफ से बातचीत कर रही थी उस समय उन्होंने पुलिस से कहा, “फायरिंग की घटना को लेकर मैं बहुत ही ज्यादा शॉक में हूं, मैंने कभी सोचा तक नहीं था की मेरी गाड़ी पर इस तरह से हमला होगा।” टाइगर श्रॉफ ने पुलिस से आगे कहा, “मेरी किसी से दुश्मनी तक नहीं, ये कौन लोग थे, क्यों फायरिंग की और किसने कराया, कुछ पता नहीं।”

टाइगर श्रॉफ फायरिंग की घटना के बाद बहुत डिस्टर्ब हो गए थे। क्राइम ब्रांच के अधिकारी ने बताया की इसी वजह से अभी तक टाइगर श्रॉफ का बयान दर्ज नहीं किया गया। जल्द ही उनका बयान दर्ज किया जाएगा।

BY IANS

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