अमेजन, स्विगी इंस्टामार्ट, बिगबास्केट, फ्लिपकार्ट और जेप्टो के खिलाफ शुरू हुई दंडात्मक कार्रवाई, क्या है यह मामला ?
फोटो: आईएएनएस
अमेजन, स्विगी इंस्टामार्ट, बिगबास्केट, फ्लिपकार्ट और जेप्टो के खिलाफ शुरू हुई दंडात्मक कार्रवाई, क्या है यह मामला ?
नई दिल्ली | देश के खाद्य नियामक – भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने प्रमुख ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स कंपनियों – अमेजन, स्विगी इंस्टामार्ट, बिगबास्केट, फ्लिपकार्ट इंडिया और जेप्टो के खिलाफ विभिन्न नियामकीय उल्लंघनों को लेकर दंडात्मक कार्रवाई शुरू की है. एफएसएसएआई के अनुसार, इन कंपनियों के प्लेटफॉर्म पर भ्रामक दावों वाले खाद्य उत्पादों के प्रचार-प्रसार और कुछ प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों की ऑनलाइन बिक्री से जुड़े मामलों में कार्रवाई की जा रही है.
एफएसएसएआई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर जानकारी देते हुए कहा कि ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर नियामकीय अनुपालन की जांच के दौरान कई अनियमितताएं सामने आई हैं. इनमें उत्पादों की गलत ब्रांडिंग, उपभोक्ताओं को भ्रमित करने वाले दावे और कुछ प्रतिबंधित अथवा विषैले खाद्य पदार्थों की बिक्री एवं प्रदर्शन जैसे मामले शामिल हैं.
नियामक के अनुसार, हैपिलो प्रीमियम डेट बाइट्स – जेस्टी ऑरेंज से जुड़े कुछ दावे और उत्पाद संबंधी जानकारियां खाद्य मानकों के अनुरूप नहीं पाई गईं. इस मामले में अमेजन सेलर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड, फ्लिपकार्ट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, स्विगी इंस्टामार्ट प्राइवेट लिमिटेड, जेप्टो मार्केटप्लेस प्राइवेट लिमिटेड और बिगबास्केट की इनोवेटिव रिटेल कॉन्सेप्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ कार्रवाई शुरू की गई है.
एफएसएसएआई का कहना है कि खाद्य उत्पादों की पैकेजिंग और ऑनलाइन विवरण में दी गई जानकारी उपभोक्ताओं को सही और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराना जरूरी है, ताकि खरीदारी करते समय किसी प्रकार का भ्रम न हो.
एफएसएसएआई ने मिल्की मिस्ट के कुछ उत्पादों से जुड़े दावों और सूचनाओं को भी नियामकीय मानकों के अनुरूप नहीं पाया. इनमें फ्रेस लो फैट क्रीम, फार्म फ्रेश दही और ग्रीक योगर्ट जैसे उत्पाद शामिल हैं.
इस मामले में स्विगी इंस्टामार्ट और बिगबास्केट के खिलाफ कार्रवाई शुरू की गई है. नियामक यह जांच कर रहा है कि उत्पादों से जुड़े दावे और विज्ञापन खाद्य सुरक्षा एवं लेबलिंग नियमों का पालन करते हैं या नहीं.
एफएसएसएआई ने ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर धतूरा के फल और बीजों की बिक्री एवं प्रदर्शन को लेकर भी गंभीर आपत्ति जताई है. नियामक के अनुसार, खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के तहत ऐसे उत्पादों की बिक्री से जुड़े नियमों का उल्लंघन पाया गया है.
इस मामले में अमेजन सेलर सर्विसेज, स्विगी इंस्टामार्ट और बिगबास्केट समेत कुछ प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ कार्रवाई शुरू की गई है. एफएसएसएआई का कहना है कि उपभोक्ताओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और ऐसे उत्पादों की उपलब्धता को गंभीरता से लिया जा रहा है.
हाल के महीनों में एफएसएसएआई ने ऑनलाइन खाद्य वितरण और किराना प्लेटफॉर्म्स की निगरानी बढ़ाई है. खाद्य सुरक्षा, लाइसेंसिंग, उत्पादों के भंडारण, हैंडलिंग और नियामकीय अनुपालन से जुड़े मामलों में जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है.
इसके साथ ही विभिन्न राज्यों के खाद्य सुरक्षा विभाग भी डार्क स्टोर्स, गोदामों और वितरण केंद्रों का निरीक्षण तेज कर चुके हैं, जिसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि उपभोक्ताओं तक पहुंचने वाले खाद्य उत्पाद निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करें.
पिछले छह महीनों में एफएसएसएआई ने खाद्य कारोबार संचालकों (एफबीओ) और ई-कॉमर्स कंपनियों के खिलाफ कई प्रवर्तन कार्रवाइयां की हैं. नियामक लगातार उपभोक्ताओं को भी इन कार्रवाइयों की जानकारी दे रहा है, ताकि खाद्य सुरक्षा और जागरूकता को बढ़ावा मिल सके.
By IANS
एफएसएसएआई का बड़ा एक्शन: अमेजन, स्विगी इंस्टामार्ट, बिगबास्केट, फ्लिपकार्ट और जेप्टो पर शुरू की दंडात्मक कार्रवाई
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