हिमाचल में भूस्खलन से 4 की मौत, मलबे में दबे 7 लोगों को बचाया गया

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The Hindi Post

शिमला | हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग 5 पर बुधवार को हुए भीषण भूस्खलन में कम से कम चार लोगों की मौत हो गई, जबकि मलबे में फंसे अन्य लोगों को निकालने के लिए बचाव अभियान शुरू किया गया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। मलबे से सात अन्य को सुरक्षित निकाल लिया गया है।

किन्नौर के जिला मुख्यालय रिकांग पियो से 61 किलोमीटर दूर निगुलसारी के पास राजमार्ग पर एक बड़े हिस्से के भूस्खलन में एक ट्रक, एक सरकारी बस और अन्य वाहन दब गए।

हालांकि, आपदा में लापता लोगों की संख्या के बारे में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

हिमाचल सड़क परिवहन निगम की बस रिकांग पियो से शिमला होते हुए हरिद्वार जा रही थी।

स्थानीय विधायक जगत सिंह नेगी ने मीडिया को बताया कि बस में 25 यात्री सवार थे। बस के चालक को बचा लिया गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

नेगी ने कहा कि लगातार भूस्खलन की वजह से बचाव अभियान में बाधा आ रही है।

मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला में संवाददाताओं से कहा कि उन्होंने किन्नौर प्रशासन को राहत एवं बचाव अभियान में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कहा, भूस्खलन में हताहतों की सही संख्या का अभी पता नहीं चल पाया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एनडीआरएफ (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल) को लोगों को बचाने के लिए बुलाया गया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ठाकुर से बात की और उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया।

हाल के दिनों में किन्नौर में यह दूसरी बड़ी प्राकृतिक आपदा है। पिछले महीने, नौ लोग, जिनमें से अधिकांश पर्यटक थे, भूस्खलन से मारे गए थे, क्योंकि सड़क पर बोल्डर गिर गए थे और लोग जिस वाहन में यात्रा कर रहे थे, पत्थर उससे टकरा गए थे।

यह मानसून राज्य के कांगड़ा जिले में भी बड़े भूस्खलन का कारण बना है, जिसमें 10 लोगों की जान चली गई है। सिरमौर जिले में बड़े पैमाने पर भूस्खलन को कैप्चर करने वाले भयानक वीडियो इन दिनों आम हैं।

27-28 जुलाई को लाहौल-स्पीति जिले के ठंडे रेगिस्तान में असाधारण रूप से हुई भारी बारिश के कारण भी सात लोगों की मौत हो गई है। जिले के केलांग और उदयपुर उपखंड में बादल फटने के बाद अचानक आई बाढ़ की 12 घटनाओं का सामना करना पड़ा, जिससे तोजिंग नाले (छोटी नदी) का जलस्तर बढ़ गया।

आईएएनएस

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